सब तेरा परिवार सांस्कृतिक महोत्सव कार्यक्रम का आयोजन
साहित्यकार एवं विशिष्ट अतिथि मानद साहित्य उपाधियों से सम्मानित

नई दिल्ली। सब तेरा परिवार साहित्य संस्था, भोपाल एवं केशव कल्चर साहित्यिक फाउंडेशन, दिल्ली के संयुक्त तत्वावधान में “सब तेरा परिवार काव्य महोत्सव” का भव्य आयोजन एपीवी स्टूडियो, नई दिल्ली में संपन्न हुआ। कार्यक्रम साहित्य, संस्कृति और कला के संगम का सशक्त उदाहरण बना।
कार्यक्रम का शुभारंभ पर्यटन स्थल बड़ी खाटू से पधारे महंत डॉ. नानक दास जी महाराज (राष्ट्रीय अध्यक्ष, अखिल भारतीय कबीर मठ सद्गुरु कबीर आश्रम सेवा संस्थान, बड़ी खाटू; पूर्व केंद्रीय टी बोर्ड सदस्य, भारत सरकार; प्रांत अध्यक्ष, भारत रक्षा मंच, जोधपुर) एवं आ. अब्दुल गफ्फार खान साहब (प्रसिद्ध बॉलीवुड अभिनेता, विलेन एवं निर्देशक) द्वारा माँ शारदा के चित्र पर पुष्प अर्पण एवं दीप प्रज्वलन कर किया गया।
इस अवसर पर अंतरराष्ट्रीय कवि डॉ. नीरज कुमार “नीर” द्वारा श्री शिवेश्वर दत्त पाण्डेय जी के सहयोग से उनकी संस्था भागीरथी हिन्दी विद्यापीठ एवं शोध संस्थान, हरिद्वार की ओर से पधारे विशिष्ट साहित्यकारों एवं अतिथियों को मानद साहित्य उपाधियों से सम्मानित किया गया।
कार्यक्रम का सफल संचालन सीमा मंजरी शर्मा ने किया। उन्होंने अपने संबोधन में डॉ. नीरज कुमार “नीर” की रचनाओं की सराहना करते हुए कहा कि उनकी काव्य-रचनाएँ सीधे हृदय को स्पर्श करती हैं तथा सभी साहित्यप्रेमियों से उन्हें अपना आशीर्वाद देने का आग्रह किया।
इस अवसर पर जिन साहित्यकारों को मानद उपाधियों से सम्मानित किया गया, उनमें डॉ. दीप्ति शुक्ला “दीप”, डॉ. नीरज कुमार “नीर”, डॉ. महेश वेद, डॉ. दौलत राम मीना, डॉ. शेखर दुगाया, डॉ. सीमा रहस्यमयी, डॉ. अभिषेक शुक्ला, डॉ. अनुज कुमार तिवारी, डॉ. सीताराम मेहरा (सेवानिवृत्त उप पुलिस अधीक्षक), डॉ. सतीश खलखो (प्राचार्य), डॉ. स्वर्णलता छेनिया सहित अन्य गणमान्य जन सम्मिलित रहे।
कार्यक्रम के दौरान कई साहित्यिक एवं सांस्कृतिक प्रस्तुतियों के साथ ऑडियो-वीडियो एल्बमों का विमोचन भी किया गया। इनमें डॉ. दीप्ति शुक्ला द्वारा डॉ. नीरज कुमार “नीर” की पुस्तक “अधूरा सफर” पर आधारित ऑडियो-वीडियो एल्बम, डॉ. अनुज कुमार तिवारी का गीत “राधा माधव” वीडियो एल्बम तथा कामिनी भारद्वाज का “इश्क़ इबादत” ऑडियो एल्बम प्रमुख रहे।
समारोह में अन्य सांस्कृतिक कार्यक्रमों की प्रस्तुतियों ने भी दर्शकों का मन मोह लिया। अंत में सीमा मंजरी शर्मा ने सभी अतिथियों, साहित्यकारों एवं सहयोगियों के प्रति आभार व्यक्त करते हुए कार्यक्रम को सफल बनाने के उद्देश्य की पूर्ति पर संतोष व्यक्त किया।




