
कौन है जिसने धरती पर, हरित वर्ण बिखेरा
अम्बु व अंबर का किसने नीला रंग निखारा
श्वेत चमकीली हिम छिड़की पर्वत पर जिसने
नमन उस चित्रकार को,वंदन है कलाकार को
कौन है जिसने नदियों की जल-धारा प्रवाही
नटखट अदभुद प्राणी किसने वन में फुदकाये
मधुर रस युक्त फलों का आनंद दिया जिसने
नमन उस चित्रकार को,वंदन है कलाकार को
कौन है जिसने मनोहर पंछी वृक्षो में चहकाये
लुभावने तारें आसमान पर किसने छिटकाये
चमकता तेज सुनहरा भानू चमकाया जिसने
नमन उस चित्रकार को,वंदन है कलाकार को
कौन है जिसने कांटों में भी सुन्दर पुष्प सजाये
कीचड़ में अति सुरम्य किसने कमल खिलाए
नन्हें बीज़ में सुदृढ़ विशाल वृक्ष भरा है जिसने
नमन उस चित्रकार को,वंदन है कलाकार को
कौन है जिसने नभ से बरखा मोती बिखराये
सुन्दरता से फ़ूलों में किसने सुन्दर रंग भरवाये
शांत समंदर के जल में नमक मिलाया जिसने
नमन उस चित्रकार को,वंदन है कलाकार को
मीनाक्षी शर्मा ‘मनुश्री’




