जबलपुर में फेडरेशन का क्षेत्रीय सम्मेलन संपन्न

नई भर्ती में संविदा को नियमित, आउटसोर्स को 50 प्रतिशत आरक्षण दे
बिजली कार्मिकों, कंपनी केडर , पेंशनर्स की मांगों के निराकरण हेतु फेडरेशन हर स्तर पर कार्य करेगा
जबलपुर। फेडरेशन का क्षेत्रीय सम्मेलन जबलपुर में 17 जनवरी को संपन्न हुआ। इस अवसर पर फेडरेशन ने अभियंता मनोज सोनी, प्रसिद्ध योगाचार्य अवनीश तिवारी, साहित्यकार शरद उपाध्याय, विजय तिवारी, केदार ब्रजपुरिया, रंजीत सेन, मुन्नालाल सोनी का शाल, श्रीफल भेंट कर सम्मान किया।
मध्यप्रदेश विद्युत कर्मचारी संघ फेडरेशन, जबलपुर के क्षेत्रीय सम्मेलन को सम्बोधित करते हुए महामंत्री राकेश डी पी पाठक ने कहा कि फेडरेशन संविदाकर्मियों, आउटसोर्स कर्मचारियों, नियमित कर्मचारियों, कंपनी केडर कार्मिकों और सम्माननीय पेंशनर्स साथियों की समस्यायों के समाधान हेतु हर स्तर पर एकजुट होकर सकारात्मक प्रयास और कार्य करेगा।
महामंत्री राकेश डीपी पाठक ने मुख्यमंत्री, ऊर्जामंत्री, अतिरिक्त मुख्य सचिव ऊर्जा और सभी प्रबंध निर्देशक से आग्रह किया है कि इन नई भर्तियों में सभी संविदा कर्मियों को बिना शर्त नियमित किया जाए और बिजली कंपनियों में 15 वर्षों से कार्यरत आउटसोर्स कर्मचारियों को 50 प्रतिशत आरक्षण दिया जाए।
पाठक ने शासन से मांग की राज्य के कर्मचारियों और पेंशनर्स को केंद्र के समान महंगाई भत्ता, महंगाई राहत, परिवार पेंशन राहत दी जाए। पाठक ने कंपनी कैडर के लाईन परिचारकों की सेवा निवृत्त आयु 55 वर्ष की जगह सभी के समान 62 वर्ष शीघ्र करने की मांग की।
कार्यक्रम की अध्यक्षता करते हुए यू के पाठक ने की। विशिष्ट अतिथि आर एस परिहार ने फेडरेशन द्वारा किए गए कार्यों और गरिमामय इतिहास की जानकारी दी।
सम्मेलन में शरद उपाध्याय, विजय तिवारी किसलय, सुनील पटेल,सी एस पालीवाल,आर के चौबे ने भी उद्-बोधन दिया आई के अग्रवाल ने फेडरेशन द्वारा किए जा रहे कार्यों और संगठन की गतिविधियों पर विस्तृत प्रकाश डाला। विनय पाठक, बसंत मिश्रा, विजय डोंगरे,मोहित पटेल,मनोज पाठक, मोहित पटेल, सहित अनेक फेडरेशन के साथियों ने अतिथियों का स्वागत किया।
फेडरेशन के महामंत्री राकेश डी पी पाठक ने बताया कि मांग पत्र में बिजली कंपनियों में लगभग 15 वर्षों से कार्यरत सभी संविदा कर्मचारियों को नियमित पदों पर बिना शर्त तत्काल संविलियन अर्थात नियमित करें।
परीक्षण सहायक वर्तमान में 650 नियमित होने के लिए शेष बचे हुए हैं उन्हें भी नियमित करने का शीघ्र निर्णय ले।
राकेश पाठक ने कहा कि तीनों विद्युत वितरण कंपनियों में तृतीय व चतुर्थ श्रेणी के लगभग एक हजार संविदा कर्मचारियों के लिए वन टाइम ट्रांसफर पॉलिसी कंपनी टू कंपनी ( गृह जिला कंपनी) स्थानांतरण नीति* बनाई जाएं।
फेडरेशन के महामंत्री राकेश डी पी पाठक ने कहा कि बिजली कंपनियों में लगभग *15 वर्षों से कार्यरत आउटसोर्स कर्मचारियों के लिए नवीन भर्ती में 50 प्रतिशत आरक्षण का लाभ दिया जाना चाहिए ।
तकनीकी कार्य करने वाले सभी आउट सोर्स कार्मिकों का बीस लाख का बीमा कराया जाए।
राकेश पाठक ने मांग की है कि कंपनी केडर में नियुक्त कार्मिकों को वर्तमान में 70 प्रतिशत, 80 प्रतिशत,90 प्रतिशत और चौथे बर्ष पूरा वेतन वेतन दिया जा रहा है उसकी जगह न्यायालय के आदेशानुसार नियुक्ति दिनांक से ही समान कार्य समान वेतन के तहत पूरा वेतन दिया जाए।
नियमित कर्मचारियों को शीघ्र पदोन्नति का लाभ दिया जाए। लम्बे समय से विभिन्न श्रेणियों में व्याप्त वेतन विसंगति को निर्धारित समय-सीमा में दूर किया जाएं। वर्ष 2000 से वर्ष 2012 बीच निधन हुए सभी कर्मचारियों के आश्रितों को बिना शर्त अनुकम्पा नियुक्ति दी जाएं । संविदा में नियुक्त सभी अनुकम्पा नियुक्ति वाले कर्मचारियों को शीघ्र नियमित किया जाए।
फेडरेशन के महामंत्री पाठक ने कहा कि मध्यप्रदेश छत्तीसगढ़ राज्य बंटवारे की शर्त धारा 49 (6) 2000 के पूर्व सेवानिवृत्त हुए कर्मचारियों, पेंशनर्स के लिए ही सिर्फ लागू होती है। इसकी गलत व्याख्या के कारण 25 वर्षों से आज तक सेवानिवृत्त हो हुए और हो रहे लगभग सात लाख पेंशनर्स परेशान हैं। अतः शासन 2000 के बाद हुए पेंशनर्स को इस धारा से तत्काल मुक्त करें। नियमित कर्मचारियों के महंगाई भत्ता के साथ ही पेंशनर्स को भी महंगाई राहत, परिवार पेंशन राहत दी जाए।
प्रदेश प्रवक्ता
मप्र विद्युत कर्मचारी संघ फेडरेशन
(जबलपुर) शाखा इंदौर, मध्यप्रदेश




