साहित्य

शास्त्री जी की पुण्यतिथि

आशा बिसारिया

यू.पी. में वाराणसी , उसमें मुगलसराय।
दो अक्तूबर चार को,जन्म लियाथा आय।।
*
डेढ़ वर्ष की आयु में , पिता गये परलोक।
निर्धनता में पढ़े पर,नहीं सका कोई रोक।।
*
जीवन सादा ही रहा,पर थे उच्च विचार।
सत्य,अहिंसा नीति के , सच्चे पैरोकार।।
*
देश एकता,शान्ति का,सदा पढ़ाया पाठ।
स्वतंत्रता – संग्राम में ,गांँधी के थे साथ।।
*
राजनीति मेंभी कहीं,किया न कभी निराश।
जेल गये छोड़ी नहीं , स्वतंत्रता की आश।।
*
समझौता ताशकंद से,हुआ दुखद यह अंत।
विषम परिस्थिति में गये , धरा छोड़ वे संत।।
*
शास्त्री जी की पुण्यतिथि , दें उनको सम्मान।
जय किसान हैं देशके,जय-जय वीर जवान।।
*
आशा बिसारिया चंदौसी

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button
error: Content is protected !!