साहित्य

भजन-बरसाने जाऊँगी

अतुल पाठक

बरसाने जाऊँगी सखी री,
राधे राधे गाऊँगी।
राधा रानी के चरणों में,
जीवन सफल बनाऊँगी॥
बरसाने की गलियों में,
प्रेम की गंगा बहती।

राधा नाम की महिमा सखी,
सारे जग में रहती।
उनकी कृपा का आँचल लेकर,
झोली मैं भर लाऊँगी।
बरसाने जाऊँगी सखी री,
राधे राधे गाऊँगी॥

श्याम भी जिनके आगे सखी,
प्रेम से शीश झुकाते।
राधा नाम जपे जो कोई,
सब दुःख दूर हो जाते।
राधा नाम की माला लेकर,
हर पल जपती जाऊँगी।
बरसाने जाऊँगी सखी री,
राधे राधे गाऊँगी॥

राधा चरणों की धूलि सखी,
भाग्य जगाने वाली।
जिस पर कृपा हो जाए उनकी,
किस्मत चमकने वाली।
उनके दर की दासी बनकर,
जीवन धन्य बनाऊँगी।
बरसाने जाऊँगी सखी री,
राधे राधे गाऊँगी॥

मन में बस गई श्यामा सखी,
और न कुछ भी भाए।
राधा रानी की भक्ति से,
हर जन पार लग जाए।
राधा नाम की धुन में सखी,
झूम झूम गाऊँगी।
बरसाने जाऊँगी सखी री,
राधे राधे गाऊँगी॥

अतुल पाठक
हाथरस(उत्तर प्रदेश)

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button
error: Content is protected !!