
करो विदाई वर्ष पुराना,स्वागत कर नव वर्ष।
विघ्न बाधाएँ त्याग पीर गम,मिटे सकल संघर्ष।
नए साल का स्वागत कर हम,चलो बढ़ाएँ मान।
सच्चाई की राह चले सब, करें प्रभु का ध्यान।
उन्नत पथ पर रहें अग्रसर, जीवन हो आदर्श।
विघ्न बाधाएँ त्याग पीर गम, मिटे सकल संघर्ष।
धूप- छाँव सी रही जिंदगी, दया धर्म अरमान।
क्रोध घृणा नफरत तज मानव, सदा रहो पुलकान।
शुचि विचार मन मंदिर में हो,उपजे हिय में हर्ष।
विघ्न बाधाएँ त्याग पीर गम, मिटे सकल संघर्ष।
रूढ़ ढोंग सब दूर करो नित,अरि को गोली मार।
नव प्रभात का नवल सवेरा,नित नूतन श्रृंगार।
आशाओं का दीप जलाएँ, करें विगत को मर्ष।
विघ्न बाधाएँ त्याग पीर गम,मिटे सकल संघर्ष।
डाॅ.पुष्पा सिंह
वाराणसी,उत्तर प्रदेश


