कवि ईश्वर चन्द्र विद्यावाचस्पति साहित्य ज्ञान गौरव सम्मान. 2026 से सम्मानित

मनकापुर (गोंडा): सेवानिवृत्त शिक्षक तथा नगर के प्रसिद्ध कवि ईश्वर चन्द्र विद्यावाचस्पति को गोरखपुर में आयोजित दो दिवसीय (दस से ग्यारह अप्रैल तक) आचार्य विनोबा भावे द्वारा स्थापित आचार्य कुल के अखिल भारतीय कार्यक्रम में उत्तर प्रदेश के सदस्यों की विशेष बैठक में आचार्य कुल का विस्तार किया गया तथा नये सदस्यों को जोड़ा गया l

बैठक के बाद कवि ईश्वर चन्द्र विद्यावाचस्पति सहित सभी कवियों तथा आचार्य कुल के सदस्यों को आचार्य धर्मेंद्र तिवारी (पूर्व कुलपति आरा विश्वविद्यालय बिहार) द्वारा हिन्दी साहित्य को बढ़ावा देने के तारतम्य में साहित्य ज्ञान गौरव सम्मान. 2026 देकर सम्मानित किया गया l हरिद्वार से पधारे ग्रुप सम्पादक, कवि तथा प्रकाशक डॉ. शिवेश्वर दत्त पांडेय द्वारा हिन्दी साहित्य सेवा तथा स्वच्छ गंगा अभियान के लिए कवि ईश्वर चन्द्र विद्यावाचस्पति को दिव्य गंगा सेवा सम्मान दिया गया l उन्होंने मनकापुर का नाम राष्ट्रीय स्तर ऊँचा किया है l
इस अवसर पर आयोजित कवि सम्मेलन में उन्होंने पढ़ा… मैं आग लिये चलता हूँ, अंगार लिये चलता हूँ l इतने अच्छे कवि श्रोता का प्यार लिये चलता हूँ ll उनकी इस उपलब्धि पर क्षेत्र के कवियों क्रमशः राम हौसला शर्मा, बृजराज श्रीमाली, उदय दुबे, राजेश मिश्रा, केदारनाथ मिश्रा, धीरज श्रीवास्तव, राम कुमार नारद, सुरेन्द्र राही, डॉ. अमित यादव, शिवनाथ सिंह शिव, सुधीर श्रीवास्तव, खालिद हुसेन सिद्दीकी, उमाकांत कुशवाहा, आदि ने उन्हें हार्दिक बधाई दिया है l




