साहित्य

जीवन के छोटे-छोटे पल

सौ भावना

जीवन के छोटे-छोटे पल,

मधुर याद बनकर साथ रहते हैं।

दिल में बसा कर रखना इनको,

जीवन जीने का मकसद देते हैं।

 

मां के आंचल का सुकून,

पिता का वह अद्भुत प्यार।

मासूम बच्चों का बचपना,

इनसे ही बनता है सुखी संसार।

 

बारिश की बरसती पहली बूंदे,

मिट्टी की खुशबू मन को भाती है।

गर्मी और सर्दी के वह अनोखे दिन,

एक प्यारी याद बन जाती है।

 

जिंदगी में हर बार उत्सव नहीं,

पर छोटे-छोटे पल खुश कर जाते हैं।

एक उम्र बीत जाने के बाद अक्सर,

इन पलों को याद कर सुकून पाते हैं।

 

जिंदगी की भाग दौड़ से कुछ पल,

अपने लिए चुरा कर रखना सीखो।

जीवन के तन्हाइयों वाले पलों के लिए,

छोटे पलों की यादें बनाना सीखो।

 

सौ, भावना मोहन विधानी ✍️

अमरावती महाराष्ट्र।

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button
error: Content is protected !!