
झाबुआ नि प्र ख्यात साहित्य साधक डॉ रामशंकर चंचल के पचास हजार की साहित्य साधना और तपस्या पर दस्तक देती शब्द बाण झाबुआ मध्य के ख्यातीप्राप्त सहज सरल व्यकित्व संपादक श्री रिंकू रूनवाल साहब द्वारा प्रकाशित किए गए समाचार आज सोशल मीडिया पर दस्तक दे सम्पूर्ण देश और दुनिया में छाई हजारों हस्तियां द्वारा सराही गई बेहिसाब प्रतिक्रिया से नवाजी गई अद्भुत अद्भुत पोस्ट बन गई है
पूर्व भी उनके प्रकाशित समाचार को सदा ही हजारों चाहने वालों द्वारा बधाई और शुभकामनाएं दी जाती रही है
सचमुच वंदनीय आदरणीय डॉ रामशंकर चंचल झाबुआ जिन्होंने आज देश और दुनिया में झाबुआ को साहित्य जगत में अमर कर दिया
इस अद्भुत ईश्वरीय आशीष को डॉ रामशंकर चंचल ईश्वर कृपा और मानव मात्र का स्नेह प्यार और आशीष मानते हुए सदा उन्हें प्रणाम करते हैं



