त्रुटिपूर्ण समायोजन पर शिक्षक संगठन ने उठाए सवाल, बीएसए को सौंपा ज्ञापन

गोरखपुर।जनपद में शिक्षकों के समायोजन को लेकर एक बार फिर विवाद खड़ा हो गया है। उत्तर प्रदेशीय जूनियर हाईस्कूल (पूमा) शिक्षक संघ ने जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी, गोरखपुर को ज्ञापन सौंपकर समायोजन प्रक्रिया को त्रुटिपूर्ण बताते हुए उस पर आपत्ति दर्ज कराई है।
संगठन के मण्डल अध्यक्ष ज्ञानेश्वर पाण्डेय एवं जिलाध्यक्ष बाल विनोद शुक्ल द्वारा प्रेषित
ज्ञापन में बताया गया है कि जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी कार्यालय द्वारा दिनांक 24 दिसंबर बुधवार को समायोजन की कार्यवाही के निर्देश जारी किए गए। अगले दिन गुरुवार को सूची विभिन्न ग्रुपों में प्रसारित की गई तथा शुक्रवार को काउंसलिंग कराए जाने का निर्देश दिया गया, जो अव्यावहारिक है।
शिक्षक संगठन का कहना है कि एक दिन पूर्व सूची जारी कर अगले ही दिन काउंसलिंग कराना शिक्षकों के लिए अत्यंत असुविधाजनक है। इससे न तो उन्हें सूची पर विचार करने का पर्याप्त समय मिल पाया और न ही निर्धारित स्थल पर समय से पहुंचना संभव हो सका। इसके अलावा जारी सूची को कई त्रुटियों से भरा बताया गया है, जिस पर आपत्ति दर्ज कराने या उसका निस्तारण करने का कोई अवसर नहीं दिया गया, जो प्राकृतिक न्याय के सिद्धांतों के विरुद्ध है।
ज्ञापन में यह भी आरोप लगाया गया है कि जिन विद्यालयों में पूर्व में रिक्तियां दर्शाई गई थीं और उन्हीं के सापेक्ष शिक्षकों का समायोजन किया गया था, उन्हीं विद्यालयों को पुनः अतिरिक्त शिक्षक दिखा दिया गया है। जिन विद्यालयों में शिक्षकों को यू-डायस पर अंकित करने के निर्देश दिए गए हैं, उन्हीं विद्यालयों को सरप्लस दर्शाया जाना विभागीय लापरवाही और सूची की अवैधानिकता को उजागर करता है। शिक्षक संगठन ने मांग की है कि समायोजन की पूरी प्रक्रिया को नियमों और विधि के अनुसार, पारदर्शी तरीके से दोबारा कराया जाए। ज्ञापन की प्रतिलिपि महानिदेशक, स्कूल शिक्षा उत्तर प्रदेश लखनऊ, सचिव उत्तर प्रदेश बेसिक शिक्षा परिषद प्रयागराज तथा सहायक शिक्षा निदेशक (बेसिक) सप्तम मंडल, गोरखपुर को भी सूचनार्थ एवं आवश्यक कार्यवाही हेतु भेजी गई है।ज्ञापन सौंपने वालों में संघ के जिला महामंत्री राजीव मिश्रा, कोषाध्यक्ष महेन्द्र प्रताप सिंह, प्रेम नारायण तिवारी, जनार्दन विश्वकर्मा, नीता यादव, चंद्रकांती गुप्ता, बृजेंद्र श्रीवास्तव, गंगेश्वर, ईश्वर चंद्र, अरविंद द्विवेदी, सुरेंद्र नाथ चौबे, रमाकांत यादव, मुन्ना लाल राय, प्रदीप, दिनेश पाण्डेय, अवधेश सिंह समेत अनेक लोग मौजूद रहे।



