नवीन महाविद्यालय में सिकासा रायपुर द्वारा ‘वित्तीय कर साक्षरता’ पर सेमिनार संपन्न

रायपुर ।सिकासा , रायपुर आईसीएआई ( सीआईआरसी) द्वारा छात्रों को आर्थिक रूप से सशक्त बनाने के उद्देश्य से नवीन महाविद्यालय में एक दिवसीय ‘वित्तीय कर साक्षरता’ सेमिनार का सफल आयोजन किया गया। इस कार्यक्रम में महाविद्यालय के वाणिज्य और अन्य संकायों के विद्यार्थियों ने उत्साहपूर्वक हिस्सा लिया।
कार्यक्रम का शुभारंभ अतिथियों द्वारा दीप प्रज्वलन के साथ किया गया। सेमिनार के दौरान मुख्य वक्ता सी ए लविश मथानी ने विद्यार्थियों को कम उम्र से ही बचत करने, बजट बनाने और ‘कम्पाउंडिंग’ की शक्ति के बारे में विस्तार से समझाया साथ ही आयकर के बुनियादी सिद्धांतों, नए और पुराने टैक्स स्लैब तथा भविष्य में टैक्स प्लानिंग के लाभों पर चर्चा की गई।
वर्तमान समय में कर की कार्यप्रणाली और डिजिटल लेनदेन के दौरान बरती जाने वाली सावधानियों के बारे में जानकारी दी गई।
सिकासा के प्रतिनिधियों ने चार्टर्ड एकाउंटेंसी के क्षेत्र में करियर की संभावनाओं और भविष्य की चुनौतियों पर मार्गदर्शन प्रदान किया।

सिकासा रायपुर के अध्यक्ष सीए ऋषिकेश यादव ने कहा कि आज के समय में केवल डिग्री प्राप्त करना पर्याप्त नहीं है, बल्कि वित्तीय रूप से साक्षर होना भी अनिवार्य है। हमारा उद्देश्य युवाओं को आर्थिक रूप से जागरूक नागरिक बनाना है।
महाविद्यालय की प्राचार्य डॉ मधुलिका अग्रवाल ने सिकासा की इस पहल की सराहना करते हुए कहा कि ऐसे सेमिनार विद्यार्थियों के व्यावहारिक ज्ञान को बढ़ाने में मील का पत्थर साबित होते हैं।
कार्यक्रम के अंत में एक संवाद सत्र रखा गया, जिसमें विद्यार्थियों ने टैक्स और निवेश से जुड़े अपने प्रश्नों के उत्तर विशेषज्ञों से प्राप्त किए।
इस दौरान सिकासा आईसीएआई रायपुर ब्रांच की सचिव पारुल अग्रवाल सहित सिकासा मैनेजिंग कमिटी के अन्य सदस्य मौजूद थे साथ ही सेमिनार में कॉलेज के शिक्षकगण, बड़ी संख्या में छात्र-छात्राएँ एवं स्टाफ सदस्य उपस्थित रहे।
