
ह है हिन्दी का
महत्व और आशीष
हिंदी ही है जिसने
मुझे खुशी दे
सुकून दे जिन्दा रखा
आज जो कुछ चौकने वाली प्रतिक्रिया, सम्मान और
अकेलेपन में मिल रहा
सुकून, सब कुछ
हिंदी के प्रति
मेरा अद्भुत आस्था विश्वास है
सैकड़ों भाषाओं में
रचनाओं का अनुवाद
विश्व धरा पर दस्तक देता
झाबुआ सब कुछ तो
हिंदी का स्नेह प्यार और आशीष है
यह है हिन्दी साहब
मज़ाक़ नहीं है
हिंदी है देश की
भारत की आत्मा
बस चाहिए साफ़ मन
समर्पण और निष्ठा
प्रणाम हिंदी
सत् सत् प्रणाम
तू है तो मैं हूं
जीवन है ऊर्जा है ताकत है
और चौकने वाला
दुनियां को उपलब्धि लिए मेरी
तेरा प्यार और आशीष है
डॉ रामशंकर चंचल
झाबुआ मध्य प्रदेश




