वरुण,महाराष्ट्र की अनुजा दुबे जी ’पूजा’ नेपाल की प्रतिष्ठित साहित्यिक संस्था द्वारा “मातृभाषा रत्न मानद उपाधि” से हुई सम्मानित…

यह उत्कृष्ट सम्मान उन्हें ’अंतरराष्ट्रीय मातृभाषा दिवस’ पर प्रदान किया गया।इस महत्वपूर्ण अवसर नेपाल की राजधानी काठमांडू द्वारा एक हजार से भी अधिक देश-विदेश के शिक्षक,लेखक,कवि एवं साहित्यकारों को “मातृभाषा रत्न,मानद उपाधि” से अलंकृत किया गया।

इसी क्रम में अनुजा दुबे जी ’पूजा’ को भी हिंदी साहित्य के क्षेत्र में अनवरत अप्रतिम योगदान एवं शिक्षा के क्षेत्र में महत्वपूर्ण योगदान हेतु यह सम्मान प्रदान किया गया है।
ये “हिन्द देश परिवार छत्तीसगढ़ इकाई” मंच की प्रबंधक समन्वयक के रूप में भी सहायक हैं।
अनुजा दुबे जी ’पूजा’ के लगभग 35 साझा संकलन प्रकाशित हो चुके हैं।
इसके अतिरिक्त समसामयिक विषयों एवं समस्याओं पर,विभिन्न ई-पत्रिकाओं, समाचार पत्र में,पत्रिका में इनकी कहानियां,लघुकथाएं,गीत, ग़ज़ल,लेख एवं छंदाधारित रचनाएं प्रकाशित होती रहती हैं।
अब तक की साहित्यिक यात्रा में इन्हें लगभग 500 से भी अधिक डिजिटल सम्मान पत्र प्राप्त हो चुकें हैं।साथ ही कई अवार्ड्स भी प्राप्त कर चुकी हैं।
’गोल्डन बुक ऑफ वर्ल्ड रेकॉर्ड’ के लिए भी चार बार इनकी रचनाओं का चयन हुआ है।
2023 में “National Poetry Contest” में इनकी रचना को राष्ट्रीय स्तर पर पांचवां स्थान प्राप्त हुआ।
इस महत्वपूर्ण अवसर पर संस्था के अध्यक्ष श्री आनंद गिरी मयालु जी ने कहा कि हमारे लिए यह गौरव का क्षण है,हमारी संस्था हमेशा उभरती हुईं प्रतिभाओं को सम्मानित करती रही है।
अनुजा दुबे को मिले इस उत्कृष्ट सम्मान के लिए दुबे परिवार के साथ उनके मित्रों,साहित्य प्रेमियों,अन्य साहित्यकार सहित सभी शुभचिंतकों ने बधाई प्रेषित की है।




