
चार मास की बात है सारी
श्री शिव की है जिम्मेदारी
श्री हरि जाएंगे करने शयन
शिव के रहेगे सब पर नयन
ये चार माह शिव के खास
कहते हैं इनको चतुर्मास
प्रथम सावन द्वितीय भाद्र
अश्विन एवं कार्तिक मास
चतुर्मास की होयेगी भोर
हो शिव भक्ति में सराबोर
शिव जी की करो अराधना
सुदृढ़ हो जाएगी साधना
डूब जाओगे भक्ति रस में
करके देखो चतुर्मास में
शुभकार्य न हो इन मास
भक्ति खूब करो चतुर्मास
मीनाक्षी शर्मा मनुश्री




