आलेख
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व्यक्तित्व,कृतित्व और राष्ट्रबोध के पर्याय अटल एवं मालवीय
भारतीय सार्वजनिक जीवन में कुछ व्यक्तित्व ऐसे होते हैं जो सत्ता से नहीं, बल्कि संस्कार से पहचाने जाते हैं। भारतरत्न…
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स्वामी श्रद्धानंद जी : राष्ट्र, धर्म और शिक्षा के लिए अमर बलिदान
डाॅ.शिवेश्वर दत्त पाण्डेय स्वामी श्रद्धानंद जी भारतीय नवजागरण के उन तेजस्वी संन्यासियों में थे, जिनका जीवन केवल उपदेशों तक सीमित…
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क्या लिखूं, किस पर लिखूं सोचता ही रह गया, दिसंबर में बीत गई जाड़े की एक रात……….!
सोचता रहता हूं सदैव पेशोपस भी बनी रहती है, मन में चलते हैं विचारों के झंझावात, विचारों की लहरें बह…
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जातीय भस्मासुर
धर्म और राजनीति दोनों का ही मनुष्यों के जीवन तथा सामाजिक और सांस्कृतिक मूल्यों के अवधारण में महनीय महत्त्व…
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रैगिंग
सुबह के मौसम में मीठी-मीठी खुशनुमा सी ठंडक थी। आसमान में हल्के बादल बारिश की संभावना दर्शा रहे थे। बंगलौर…
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अंतर्राष्ट्रीय पर्वत दिवस ..…
पहाड़,शैल,गिरी,नग,भूधर, तुंग या फिर मेरु ..किसी भी नाम से पुकारें इन्हें.. पर्वत हमारी सांस्कृतिक और भौगोलिक विशेषताओं के वाहक है…
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शीघ्रता,शुद्धता और परीक्षाओं में सफलता
पुरानी कहावत है कि – का वर्षा जब कृषि सुखाने। समय चूकि अब का पछताने।। कदाचित यह कहावत विभिन्न शैक्षिक…
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गुरुकुल से गुलामी तक : मैकाले की ट्रिपल सी पॉलिसी और सनातन ज्ञान पर प्रहार
भारतीय सनातन संस्कृति की आत्मा गुरुकुल परम्परा में निहित रही है। गुरुकुल केवल शिक्षा का केंद्र नहीं था, बल्कि यह…
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छात्र धैर्य से करें तैयारी, अभिभावक करें सहयोग
इस समय छात्रों का प्री बोर्ड चल रहा है व प्रैक्टिकल एग्जाम्स के डेट नजदीक है फरवरी में बोर्ड एग्जाम्स…
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प्रेम जब प्रतीक्षा को देता है, तो संस्कार बनता है
आधुनिक समय में प्रेम और विवाह को लेकर सबसे बड़ा भ्रम यह है कि सब कुछ पहले जान लेना ही…
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