अहरौला। थाना क्षेत्र के गौरी गांव के पास सड़क दुर्घटना में एक बाइक सवार की मौत के बाद पुलिस की कार्यशैली को लेकर रविवार को भारी विवाद खड़ा हो गया। परिजनों ने आरोप लगाया कि पुलिस ने मृतक के परिवार को बिना सूचना दिए शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया, जिससे नाराज होकर बड़ी संख्या में ग्रामीण और परिजन अहरौला थाने पहुंच गए और जमकर हंगामा किया। बाद में महिलाओं ने अहरौला-बूढ़नपुर मार्ग जाम कर पुलिस के खिलाफ कार्रवाई की मांग की।जानकारी के अनुसार अतरौलिया थाना क्षेत्र के गोपालीपट्टी गांव निवासी अंबिका निषाद (40) पुत्र रामसूरत निषाद अपनी एक रिश्तेदार के साथ बाइक से वाराणसी काम पर जा रहे थे। जैसे ही वह गौरी गांव के पास पहुंचे, सीमेंट और बालू से लदे एक अनियंत्रित ट्रैक्टर ने उनकी बाइक में टक्कर मार दी। हादसे में अंबिका की मौके पर ही मौत हो गईl परिजनों का आरोप है कि दुर्घटना के बाद मौके पर पहुंची पुलिस ने जल्दबाजी में शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया और परिवार के किसी सदस्य को इसकी सूचना तक नहीं दी। घटना की जानकारी मिलते ही मृतक की मां चनवता, पत्नी अनीता और अन्य ग्रामीण बड़ी संख्या में थाने पहुंच गए और पुलिस पर मनमानी का आरोप लगाते हुए विरोध शुरू कर दिया।ग्रामीणों ने यह भी आरोप लगाया कि पुलिस ने ट्रैक्टर मालिक से मिलीभगत कर मामले को दबाने का प्रयास किया। परिजनों का कहना था कि बिना सूचना और बिना आवश्यक लिखापढ़ी के शव पोस्टमार्टम भेजा जाना गंभीर लापरवाही है। थाने पर काफी देर तक अफरा-तफरी का माहौल बना रहा और पुलिसकर्मी परिजनों के गुस्से के सामने असहज नजर आए।थाने में सुनवाई न होने से नाराज महिलाओं ने सड़क पर उतरकर अहरौला-बूढ़नपुर मार्ग जाम कर दिया। महिलाओं ने अपनी साड़ियों को जोड़कर सड़क पर अवरोध बना दिया, जिससे दोनों ओर वाहनों की लंबी कतार लग गई। राहगीरों को काफी परेशानी का सामना करना पड़ा और स्थानीय लोग भी पुलिस की कार्यप्रणाली की आलोचना करते दिखाई दिए।मृतक अंबिका निषाद अपने परिवार के एकमात्र कमाने वाले सदस्य बताए जा रहे हैं। वह पीओपी का काम कर परिवार का भरण-पोषण करते थे। परिवार में उनकी छह बेटियां और एक बेटा है, जिनमें एक बेटी की शादी जून महीने में तय है। परिवार का कहना है कि वह बेटी की शादी के लिए पैसे जुटाने वाराणसी जा रहे थे, लेकिन रास्ते में ही हादसे का शिकार हो गए।समाचार लिखे जाने तक परिजन सड़क जाम कर पुलिस की कार्यशैली की जांच और जिम्मेदार लोगों के खिलाफ कार्रवाई की मांग पर अड़े रहे। घटना के बाद पूरे क्षेत्र में पुलिस के प्रति आक्रोश का माहौल बना हुआ है।
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December 3, 2025
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