
माता पिता राष्ट्रीय दिवस मनाना है
नये बच्चों को बहुत कुछ सीखाना है,
बच्चे आदर भाव भी वही कर पाते हैं जो माता-पिता अपने बच्चों को योग्य बना पाते हैं,
उन्हें सीखा पाए वह संस्कार वह सनातन धर्म के प्रति भाव तो सही रास्ता वह अपनाते हैं,
उम्र के वृद्धावस्था तक भी बच्चे माता-पिता का आदर कर जाते हैं,
भाग्यशाली वह माता-पिता होते हैं जिनके बच्चे माता-पिता को सम्मान भी दे पाते हैं,
नहीं तो साहब नया जमाना है, जहां अकेले रहना पसंद करते वहां माता-पिता का कैसे सम्मान दे पाते हैं,
पर जागरूकता माता-पिता राष्ट्रीय दिवस मनाने से होगी ,
और हर बच्चे में माता-पिता के प्रति प्रेम समर्पण सम्मान की जागरूकता भी पैदा होगी,
एक शिक्षित होना ही सब कुछ नहीं होता, शिक्षा के साथ बड़ों के प्रति आदर भाव सम्मान संस्कार का भी होना बहुत जरूरी होता,
राष्ट्रीय माता-पिता दिवस की सभी को बहुत-बहुत शुभकामनाएं।
योगेश्वरी भारद्वाज
कोसी कलां मथुरा उत्तर प्रदेश



