
प्यारा जन्म दिवस है आया l
प्रिय मनोज है सबको भाया ll
वीर मात का दूध पिया था,
कभी दूध को नहीं लजाया l
धन्य हुए थे मात – पिता वे,
जिन ने बेटा वीर बनाया l
बर्फीली थीं कठिन चोटियां,
पर मनोज ने रंग जमाया l
द्रास चोटियों पर मनोज ने,
दुश्मन-दल को खूब छकाया l
मार – मार उसने दुश्मन को,
विजय तिरंगा था. फहराया l
पास – पास थी हुई लड़ाई,
था दुश्मन को मार गिराया l
अन्तिम क्षण तक लड़ते-लड़ते,
भारत माँ को विजय दिलाया l
परम वीर बन चक्र विजेता,
मात-पिता को यश दिलवाया l
भारत माँ के इस सपूत ने,
विजय कारगिल ध्वज फहराया l
जय-जय कैप्टन मनोज पांडे,
गाकर ‘ईश्वर’ जन्म मनाया l
स्वयं रचित, मौलिक तथा सर्वाधिकार सुरक्षित है l ईश्वर चन्द्र विद्यावाचस्पति l



