साहित्य
-
दि ग्राम टुडे प्रकाशन समूह के संपादक डा. शिवेश्वर दत्त पाण्डेय जी का वैयक्तिक आंकलन
डा. शिवेश्वर दत्त पाण्डेय जी एक निहायत सरल सहज के सामाजिक व्यक्ति हैं। जो आसानी के किसी को भी अपना…
Read More » -
शिवेश्वर दत्त ने जन्म लिया
शिवेश्वर दत्त ने जन्म लिया था रमेश पांडे जी के घर में। पुलकित देश अपार हुआ था खुशियां छाई अंबर…
Read More » -
राष्ट्रीयता के विकास में एनएसएस नींव की ईंट -सर्वेंद्र वीर विक्रम
अंबेडकर नगर। रासेयो विद्यार्थियों के भीतर संस्कार,सहकार,समर्पण,सेवा भावना के साथ ही साथ राष्ट्रीयता के विकास हेतु किसी इमारत के नींव…
Read More » -
कविता
कविता गाई नहीं जाती , कविता तो पढ़ी जाती है । स्वयं नहीं उभरे कविता , कविता तो गढ़ी जाती…
Read More » -
ग़ज़ल
शान्त दरिया में वो हलचल भी मचा सकता है। अपनी नफ़रत को भरा प्यार बता सकता है। मेरा हमदम मेरा …
Read More » -
पेट में चूहे कूदना – मुहावरा
पोते ने दादा से पूछा, दादा मुझे बताना, कूद रहे पेट में चूहे क्यों जाता यह माना? दादा बोले ,…
Read More » -
बसंत
पुष्पों के मुख-मंडल पर हर्षित मधु मुस्कान छायी तरुओं पर भी हरियाली संग अनोखी बहार आयी उमंगता की तरंग फिर…
Read More » -
मातृभूमि (गीत)
खुशबू सिमट के आ गयी सारे जहान की मिट्टी महक रही है हिन्दोस्तान की मिट्टी….. पर्वत की चोटियों से ,वो…
Read More » -
ये मौसम सुहाना हो गया
ये मौसम बारिश का सुहाना हो गया, तेरे ख्यालों से दिल आशियाना हो गया। जब से तेरा नाम धड़कनों ने…
Read More » -
कसौटी जिंदगी की
बहुत कठिन नहीं है जिंदगी की राहों को समझना, अगर हम सीख लें खुद से भी कभी सवाल करना। जो…
Read More »