
वह
आती मुस्काती
मन को भाती
बेटी प्यारी
हमारी।
उपहार
ये निराला
ईश्वर का प्यारा
पाया हमने
दुलारा।
जीवन
में बहार
आई मेरे द्वार
खुशियां ले
हजार।
डॉ.उमा रानी दुबे
जयपुर, राजस्थान

वह
आती मुस्काती
मन को भाती
बेटी प्यारी
हमारी।
उपहार
ये निराला
ईश्वर का प्यारा
पाया हमने
दुलारा।
जीवन
में बहार
आई मेरे द्वार
खुशियां ले
हजार।
डॉ.उमा रानी दुबे
जयपुर, राजस्थान