साहित्य
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झूला – गीत
झूला झूलें बनवारी,संग बैठीं राधा प्यारी रे हारी ×2 1-काहे की लगी है पटली, कौन पेड़ की डारी रे हारी…
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जीवन की साँझ
जीवन की इस साँझ में -प्रिये रह जायेंगे सिर्फ…., हम और तुम….. बनकर साथी एक दूजे के प्रिये, जीवन की…
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मोहब्बत हो न हो
शरारत तुमसे हो न हो, सदाक़त तुमसे हो न हो। मिरे होठों पर नाम तिरा, मोहब्बत तुमसे हो न हो।…
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दोस्तों की शक्ति बेमिसाल
मित्र से मिला स्नेह महान मित्र से मिला प्रेम मान मित्र से मिला शक्ति बंधन मित्र से मिला ज्ञान श्रेष्ठवान…
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महावीर जयंती स्तुति
वीर तपस्वी प्रभु महावीर, सत्य का दीप जलाते रहे। अहिंसा की अमर वाणी, जग को राह दिखाते रहे। त्याग तपस्या…
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मर्यादा का महागान – श्रीराम कथा
चैत्र शुक्ल नवमी का पावन प्रभात, अयोध्या में गूँजा मंगल गान, धरा पर अवतरित हुए स्वयं धर्म, लेकर मानव…
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आत्ममंथन – भीतर की झलक
बीते दिनों की परछाइयाँ आईं सामने, हर याद में बसी थी खुशी और दर्द का संगम। मन के कमरे में…
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राम आगमन
अयोध्या में सजे तोरण,मेरे प्रभु राम आए हैं रहे वर्षों तलक वन में,लौट निज धाम आए हैं अयोध्या…… बिछाओ फूल…
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ट्रंप झुकता नही है… हास्य-व्यंग्य
ट्रंप एक न झुकने वाला फलदार वृक्ष है। जो कभी झुकता ही नहीं। चाहे जितने फल आ जाये उसकी हर…
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एन्जॉय कीजिये
महंगाई में रोना कैसा, एन्जॉय कीजिये बैंक के लेनदेन पर सरचार्ज, एन्जॉय कीजिये जो मिलती नहीं सलीके से उस शिक्षा…
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