साहित्य
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ग़ज़ल
वक्त को अपना बनाया। इसलिए लड़ना है आया। जी लिया जी करके देखा, साथ चलता एक साया। महफ़िलें उसने सजा…
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सच या झूठ
झूठ के बाजार में सच नहीं चलता सभी झूठ बोलते हैं फ़र्क़ नहीं पड़ता!! दुनिया रहस्यमयी हैं, या सच को…
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नेताजी भारत के वीर आर्मी
जहां जय हिन्द की जय घोष हैं। वो नेताजी सुभाषचंद्र बोस हैं।। रग रग में जिसकी खून भरी, आजादी के…
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मेरा अक्षर गीत
अ से अब अनुकरण है करना आ बनाये आदर्श, करो अनुसरण इन दोनों का कम होंगे संघर्ष । इ से…
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जय मां सरस्वती
महिमा है निराली मैया कैसे करूं गुणगान , विद्या की तूं अधिष्ठात्री,मां सरस्वती तुम्हें प्रणाम। सरस्वती मां सज रहीं पहन…
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निराला जी
कविता गीत गजल को, छंदों में ना बांधी थी। लिखते छोटी छोटी कविता, कुछ बड़ी लिख डाली थी। नाम निराला…
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बुजुर्गों का सम्मान
हमारे आज जीवन में,ये खुशियों का जो साया है। बुजुगों की बदौलत है, दुआओं से ही आया है । करें…
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आलेख-समीक्षा (भोजपुरी में)
लोक नाट्य शैली नौटंकी पर चन्द्रगुप्त प्रसाद वर्मा “अकिंचन” जी के ई विचारात्मक आलेख लोक-संस्कृति के गहिर समझ बुझ के…
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लोक नाट्य शैली-नौटंकी कृतिकार क विचार
लोक-चेतना आ ओकर मूल स्वर समझे ख़ातिर, लोक -अभिव्यक्ति क धार पहटे बदे लोक अनुरंजन के नाना विधि तउर तरीका…
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असुरक्षित हैं बेटियाँ
अपने घर की लाज बचातीहैं बेटियाँ। बाबुल के आंगन में सदा मुस्काती है बेटियाँ।। शिक्षितहोकर परिवार का नाम कमाती बेटियाँ।…
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