साहित्य

  • गणतंत्र दिवस

    लहराऍं तिरंगा , मनाऍं गणतंत्र । पूरी है आजादी , पूर्णतः स्वतंत्र ।। अपना है राष्ट्र , अपना है तंत्र…

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  • व्यंग

    “”ओक्का, बोक्का तीन तोलोक्का, लर्निंग, लिसनिंग, योगा भईया, योगी बाबा राज करेगें, हम तो उनके रथ का पहिया।।

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  • गणतंत्र  दिवस

    आजादी के बाद जब , हमने अपना संविधान बनाया । तब सन् 1950 ,26 जनवरी को , फरहा तिरंगा गणतंत्र…

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  • ये झंडा ऊँचा रहे हमारा

    ये झंडा ऊँचा रहे हमारा, भारत की शान रहे, हर युग में इसकी छाया में, बलिदान महान रहे। मिट्टी-मिट्टी वीर…

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  • हमारा भारत हमारा गौरव

    भारत के हम गौरव है,आसमान को छू सकते है, कर्मठ स्वाभिमानी है,तकदीर बदल सकते है। सोच किरण से तेज़ है,मजबूत…

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  • गणतंत्र दिवस

    गणतंत्र दिवस भारत का, गौरव-पर्व महान, संविधान में बसता है, राष्ट्र का अभिमान। इतिहास मात्र नहीं यह, संकल्पों का गान,…

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  • देशभक्त युवती

    एक दिन मैं एक युवती को सौंदर्य से युक्त तन-मन यौवन से भरी थी गौर वर्ण था अंधेरी रात मेंं…

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  • तिरंगे का कफन

    मुझे जब भी तेरी सेवा का मिले मौका दिल करता ये दुआ सौभाग्य मेरा होगा ना हटेंगे पीछे कभी जान…

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  • जरूरी है

    मातृभूमि के हर एक पथ पर एक बलिदान जरूरी है, अपने गणतंत्र पर हर भारतीय का अभिमान जरूरी है। संविधान…

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  • गणतंत्र : तू ही तू

    मैं रहूँ न रहूँ, पर देश रहे, हर साँस-साँस में देश रहे। मेरी राख भले उड़ जाए कहीं, पर माटी…

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