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साहित्य
प्रतिष्ठा
जब बात प्रतिष्ठा पर आए, और दिल में कांटा सा चुभ जाए, एक बात सोच लेना तब ही,हम रहे या…
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साहित्य
विचारों पर नियंत्रण
अगर हमें यह साधारण सा एहसास हो जाय कि गुज़रा हुआ वक्त दुबारा फिर नहीं आता है तो हमारा आपका…
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साहित्य
बिटिया
आहट सुनकर दौड़ी आती। भर गिलास पानी का लाती।। उसके भीतर माँ-सी ममता। बिटिया जैसी कहीं न समता।। …
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साहित्य
मुक्तक
रम्य रोमावलि हैं वृक्ष इस धरती के सुन भईयां । करो न नष्ट अब इनको कष्ट में है तेरी मईयां…
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साहित्य
प्रकाशन हेतु आज की एक रचना..,
प्रेम कभी शब्दों का मोहताज नहीं होता, वह तो आँखों की झुकी पलकों में, बिना कहे किए गए इंतज़ार में…
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साहित्य
गंगा दशहरा
यह महापर्व है आया,तेरे तट पर आएं मांँ जल में स्नान करें हम,निर्मल हो जाएं मांँ यह…….. तू स्वर्ग से…
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साहित्य
दहेज प्रथा
मानव जीवन संघर्षमय बनता है हर कुटुंब में दहेज एक समस्या है विवाह के समय धन दौलत देता है इसे…
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साहित्य
एक पौधा माँ के नाम
चलो एक पौधा माँ के नाम लगाते हैं, उसकी देखभाल माँ जैसी करते हैं। नियमित जल-सिंचन से तृप्त रखते हैं,…
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साहित्य
अग्नि में अस्तित्व
लपटों के बीच खड़ी एक परछाई, दोनों हाथ उठे, जैसे दुआ या दुहाई। नारंगी शोलों का समंदर उबलता, पर वो…
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